जानें, हमारे अंगों के फड़कने का क्या होता है संकेत

ज्योतिष और सामुद्रिक शास्त्र में अंगों के फड़कने से भविष्य में होने वाली घटनाओं के बारे में अनुमान लगाया जा सकता है। जब हमारे शरीर का कोई अंग फड़कता है तो वह हमारे जीवन में घटने वाली किसी शुभ या अशुभ घटना का हमें पहले ही संकेत करता है, जिसके द्वारा हम घटना से पहले ही ये जान सकते हैं कि, हमारे जीवन में कौनसी घटनाएं घटित होने वाली हैं।

Created By : Mukesh on :10-09-2022 05:38:50 प्रतीकात्मक खबर सुनें

ज्योतिष और सामुद्रिक शास्त्र में अंगों के फड़कने से भविष्य में होने वाली घटनाओं के बारे में अनुमान लगाया जा सकता है। जब हमारे शरीर का कोई अंग फड़कता है तो वह हमारे जीवन में घटने वाली किसी शुभ या अशुभ घटना का हमें पहले ही संकेत करता है, जिसके द्वारा हम घटना से पहले ही ये जान सकते हैं कि, हमारे जीवन में कौनसी घटनाएं घटित होने वाली हैं। तो आइए जानते हैं शरीर के कई अंगों के फड़कने और उनके द्वारा लगाए जाने वाले शुभ और अशुभ अनुमान के बारे में...

ये भी पढ़ें

प्रेरणा: दिनचर्या में अच्छी आदतें कैसे शामिल करें, जानें...


कण्ठ के फड़कने से ऐश्वर्य लाभ होता है।
ऐसे ही मुख के फड़कने से मित्र लाभ होता है और होठों का फड़कना प्रिय वस्तु की प्राप्ति का संकेत देता है।
यदि मस्तक फड़के तो भू-लाभ मिलता है।
ललाट का फड़कना स्नान लाभ दिलाता है।
यदि कंधे फड़के तो भोग-विलास में वृद्धि होती है।
हाथों का फड़कना उत्तम कार्य से धन मिलने का सूचक है।
वक्षःस्थल का फड़कना विजय दिलाने वाला होता है।
हृदय फड़के तो इष्टसिद्धि दिलाती है।
नाभि का फड़कना स्त्री को हानि पहुँचाता है।
उदर का फड़कना कोषवृद्धि होती है।
गुदा का फड़कना वाहन सुख देता है।
दोनों भौंहों के मध्य फड़कन सुख देने वाली होती है।
कपोल फड़के तो शुभ कार्य होते हैं।
नेत्र का फड़कना धन लाभ दिलाता है।
नेत्रकोण फड़के तो आर्थिक उन्नति होती है।
आँखों के पास फड़कन हो तो प्रिय का मिलन होता है।

Share On