सफ़ेद नमक के रेगिस्तान में गुलाबी फ्लेमिंगो का दृश्य बेहद अद्भुत लगता है। सर्दियों में यहाँ हजारो फ्लेमिंगो आते हैं।
एशिया की सबसे बड़ी खारे पानी की झील चिल्का, प्रवासी पक्षियों का स्वर्ग मानी जाती है । यहाँ फ्लेमिंगो बड़ी सांख्या में दिखते है।
तमिलनाडु और आँध्रप्रदेश की सीमा पर स्थित यह झील फ्लेमिंगो बर्ड सैंक्चुअरी के लिए मशहूर है
मुंबई के पास स्थित यह जगह दिखाती है की महानगर के बीच भी प्रकृति कितनी जीवंत हो सकती है।
राजस्थान की सबसे बड़ी खारे पानी की झील, सर्दियों में फ्लेमिंगो के गुलाबी रंग से सज जाती है ।
महाराष्ट्र का भरतपुर कहलाने वाला भिगवन, फ्लेमिंगो फोटोग्राफी के लिए बेहद प्रसिद्ध है
फ्लेमिंगो सिर्फ सुन्दर नहीं, बल्कि पर्यावरण संतुलन का संकेत भी हैं। इन्हे देखना प्रकृति से जुड़ने का अनोखा अनुभव है।
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