दिल्ली प्रदूषण पर PMO का कड़ा एक्शन: इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के आदेश, प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर सख्ती

GRAP-III लागू होने के बाद PMO ने दी दोहरी रणनीति पर काम करने की हिदायत — EV नेटवर्क विस्तार और धुआँ फैलाने वाले वाहनों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई का निर्देश

Desh Rojana
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दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण के बीच PMO सक्रिय हो गया है। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि राजधानी में इलेक्ट्रिक वाहनों को प्राथमिकता के साथ बढ़ावा दिया जाए, साथ ही प्रदूषण फैलाने वाले पुराने और अनुपयोगी वाहनों पर तुरंत व कड़ी कार्रवाई की जाए। GRAP-III लागू होने के बाद यह केंद्र सरकार का बड़ा कदम माना जा रहा है।

दिल्ली में लगातार बिगड़ती वायु गुणवत्ता को देखते हुए प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने अब सीधे हस्तक्षेप करते हुए अधिकारियों को कड़े निर्देश जारी किए हैं। राजधानी में बीते कई दिनों से प्रदूषण खतरनाक स्तर पर बना हुआ है, जिसके चलते सरकार पहले ही GRAP-III लागू कर चुकी है। इसके बाद अब PMO ने यह साफ कर दिया है कि वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए जल्द और प्रभावी कदम उठाना अनिवार्य है।

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सूत्रों के मुताबिक, PMO ने अधिकारियों को दोहरी रणनीति पर त्वरित रूप से काम करने का निर्देश दिया है। पहली रणनीति के तहत—प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों पर तत्काल कार्रवाई की जाए। इसमें खासतौर पर पुराने डीज़ल वाहन, धुआँ छोड़ने वाले कमर्शियल वाहन और नियमों का उल्लंघन करने वाले परिवहन साधन शामिल हैं। दिल्ली में सड़कों पर ऐसे वाहनों की विशेष जांच के लिए टीमों की तैनाती बढ़ाने को कहा गया है।

दूसरी रणनीति के रूप में PMO ने इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) के तेज विस्तार पर जोर दिया है। राजधानी में EV उपयोग बढ़ाने, चार्जिंग स्टेशन नेटवर्क का विस्तार करने, और निजी व सार्वजनिक परिवहन में EV अपनाने को प्रोत्साहन देने का निर्देश दिया गया है। सरकार का मानना है कि यदि बड़े पैमाने पर EV को बढ़ावा दिया गया, तो दिल्ली में वाहनों से होने वाला प्रदूषण उल्लेखनीय स्तर पर घटाया जा सकता है।

इस निर्देश के बाद संबंधित मंत्रालयों व विभागों में गतिविधि तेज हो गई है। परिवहन विभाग, नगर निगम, दिल्ली पुलिस और पर्यावरण विभाग को प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों की पहचान और तत्काल दंडात्मक कार्रवाई के लिए समन्वित अभियान चलाने को कहा गया है।

इसके साथ ही दिल्ली में EV चार्जिंग इन्फ्रास्ट्रक्चर की नई योजना भी आगे बढ़ाई जा रही है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने के लिए प्रेरित हों। नए चार्जिंग पॉइंट्स, इलेक्ट्रिक बसों का विस्तार, और शहर के भीड़भाड़ वाले इलाकों में EV को प्राथमिकता देने की नीति पर भी काम शुरू हो गया है।

विशेषज्ञों का मानना है कि PMO का यह कदम दिल्ली की प्रदूषण समस्या पर सकारात्मक असर डाल सकता है, बशर्ते निर्देशों का पालन तेजी और सख्ती से किया जाए। राजधानी में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) अभी भी ‘गंभीर’ श्रेणी में बना हुआ है, ऐसे में सरकार के ये नए फैसले बेहद अहम माने जा रहे हैं।

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