Nuh Mewat News:नाबालिग बच्ची के अपहरण और हत्या मामलें में दोषी को उम्रकैद, 17 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया
पुलिस ने कुल 24 गवाह पेश किए
जिले की फास्ट ट्रैक विशेष पोक्सो अदालत ने एक नाबालिग बच्ची के अपहरण, हत्या और साक्ष्य मिटाने के मामलें में दोषी करार दिए गए आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी पर कुल 17 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
नूंह। जिले की फास्ट ट्रैक विशेष पोक्सो अदालत ने एक नाबालिग बच्ची के अपहरण, हत्या और साक्ष्य मिटाने के मामलें में दोषी करार दिए गए आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने आरोपी पर कुल 17 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट पोक्सो डॉ. आशु संजीव तिंजन की अदालत ने फिरोजपुर झिरका थाना क्षेत्र के गांव दोहा निवासी अब्बास पुत्र उमरदीन को भारतीय दंड संहिता की धाराओं के तहत दोषी ठहराते हुए यह फैसला सुनाया।
पीड़ित पक्ष की तरफ से जहां वरिष्ठ एडवोकेट ताहिर हुसैन रुपड़िया ने मजबूती से पैरवी की जबकि आरोपी को सख्त सजा मिले इसको लेकर पुलिस ने कुल 24 गवाह पेश किए गए।
पीड़ित पक्ष की तरफ से जहां वरिष्ठ एडवोकेट ताहिर हुसैन रुपड़िया ने मजबूती से पैरवी की जबकि आरोपी को सख्त सजा मिले इसको लेकर पुलिस ने कुल 24 गवाह पेश किए गए। पुलिस प्रवक्ता से मिली जानकारी के अनुसार यह मामला 29 फरवरी 2024 का है। शिकायत के अनुसार करीब सात वर्षीय बच्ची अपने घर के बाहर खेल रही थी, तभी उसका अपहरण कर लिया गया। दोपहर बाद बच्ची के अचानक लापता होने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला।
इसके बाद अगले दिन फिरोजपुर झिरका थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने जांच के दौरान आरोपी अब्बास को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ की। पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने सरसों के खेत से बच्ची का शव बरामद किया, जिसे जमीन में दबाया गया था। पुलिस ने मामलें की गहन जांच करते हुए आवश्यक साक्ष्य जुटाए और मजबूत आरोप पत्र अदालत में पेश किया ।
सुनवाई के दौरान विभिन्न गवाहों और पुलिस द्वारा जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ आरोप साबित किए। अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और परिस्थितिजन्य तथ्यों को देखते हुए आरोपी को दोषी करार दिया और उसे हत्या के मामलें में आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही दोषी पर 17 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया और जुर्माना ने भरने पर दोषी को अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी




