आमजन सभी अवसरों पर फहरा सकेंगे राष्ट्रीय ध्वज, मर्यादा रखना अनिवार्य
समारोह के बाद कागज़ी तिरंगे को जमीन पर न फेंकने की अपील
भारत सरकार के सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि इंडियन फ्लैग कोड तथा प्रिवेंशन ऑफ इंसल्ट्स टू नेशनल ऑनर एक्ट के प्रावधानों के संदर्भ में यह सूचित किया जाता है कि भारत का राष्ट्रीय ध्वज देशवासियों की आशाओं, आकांक्षाओं और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक है।
फरीदाबाद : भारत सरकार के सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि इंडियन फ्लैग कोड तथा प्रिवेंशन ऑफ इंसल्ट्स टू नेशनल ऑनर एक्ट के प्रावधानों के संदर्भ में यह सूचित किया जाता है कि भारत का राष्ट्रीय ध्वज देशवासियों की आशाओं, आकांक्षाओं और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक है। यह प्रत्येक भारतीय के मन में प्रेम, आदर और निष्ठा का भाव जागृत करता है तथा राष्ट्र की एकता और अखंडता का प्रतिनिधित्व करता है। राष्ट्रीय ध्वज का ध्वजारोहण, प्रदर्शन और उपयोग उपर्युक्त अधिनियमों एवं नियमों द्वारा विनियमित है
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राष्ट्रीय ध्वज के उपयोग एवं प्रदर्शन के संबंध में जारी प्रावधानों के अनुरूप ही मशीन निर्मित सूती, पॉलिएस्टर, ऊनी, रेशमी अथवा खादी कपड़े से निर्मित राष्ट्रीय ध्वज के उपयोग करें। तथापि सभी नागरिकों एवं संस्थाओं से अपील की जाती है कि ध्वज का उपयोग निर्धारित प्रावधानों के अनुरूप एवं उसकी गरिमा को अक्षुण्ण रखते हुए ही किया जाए।
संहिता के प्रावधानों के अनुसार राष्ट्रीय ध्वज आयताकार होगा तथा उसकी लंबाई और चौड़ाई का अनुपात 3:2 निर्धारित है। ध्वज को सदैव सम्मानजनक एवं पृथक स्थान पर ही फहराए। फटा हुआ, मैला या क्षतिग्रस्त ध्वज प्रदर्शित नहीं किया जाना चाहिए तथा इसे किसी अन्य झंडे के साथ एक ही ध्वज-दंड पर नहीं फहराया जाए। किसी भी अन्य झंडे या पताका को राष्ट्रीय ध्वज से ऊँचा, उसके ऊपर या उसके बराबर नहीं लगाया जा सकता।
भारतीय झंडा संहिता के अनुसार, राष्ट्रीय, सांस्कृतिक एवं खेलकूद अवसरों पर जनता द्वारा कागज़ से बने राष्ट्रीय ध्वज को हाथ में लेकर कर सकते है। साथ हीयह सुनिश्चित किया जाए कि ऐसे कागज़ी ध्वज समारोह समाप्त होने के पश्चात न तो विकृत किए जाए और न ही भूमि पर फेंके जाए। इनका निपटान ध्वज की गरिमा और सम्मान के अनुरूप एकांत में किया जाना चाहिए।
उन्होंने सभी आमजन से अपील की है कि राष्ट्रीय ध्वज की गरिमा एवं सम्मान बनाए रखने हेतु उपर्युक्त दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित करें। अधिक जानकारी हेतु गृह मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट : www.mha.gov.in पर संबंधित अधिनियम एवं संहिता उपलब्ध हैं।

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नीलोफर हाशमी, देश रोजाना ऑनलाइन में सीनियर पत्रकार हैं। वे करंट अफेयर्स, ह्यूमन नेचर, सोशल और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरें बनाती हैं। मीडिया में नीलोफर को सालों का अनुभव है।
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