अनाज मंडी में खरीदे गए गेहूं की उठान की गति धीमी होने से बनी अव्यवस्था
हथीन अनाज मंडी में खरीदे गए गेहूं की उठान की धीमी गति से अव्यवस्था की स्थिति बन गई है। इस कारण आढ़तियों एवं किसानों में रोष व्याप्त है।
हथीन। हथीन अनाज मंडी में खरीदे गए गेहूं की उठान की धीमी गति से अव्यवस्था की स्थिति बन गई है। इस कारण आढ़तियों एवं किसानों में रोष व्याप्त है।
मंडी में अब तक तीन लाख 80 हजार क्विंटल से अधिक की आवक हो चुकी है। जिसमें से दो सरकारी खरीद एजेंसियों ने तीन लाख 53 हजार 313 क्विंटल गेहूं की खरीद की है।कुल खरीद में से मात्र दो लाख 10 हजार पांच क्विंटल गेहूं का उठान हुआ है।इसी प्रकार हथीन अनाज मंडी के सब यार्ड खरीद केंद्र मण्डकौला में कुल 90 हजार क्विंटल से अधिक गेहूं की आवक हुई। जिसमें से 85 हजार 459 क्विंटल गेहूं की खरीद हुई।मण्डकौला खरीद केंद्र से अब तक मात्र 60 हजार 173 क्विंटल गेहूं का उठान हुआ है।उठान की गति धीमी होने के कारण हजारों किसानों का करोड़ों रुपए का भुगतान भी अटका हुआ है। अनाज मंडी आढ़ती असोसिएशन के पूर्व प्रधान सुखवीर सिंह राजाजी ने कहा कि उठान के लिए नियुक्त ट्रांसपोर्ट ठेकेदार समय पर उठान के लिए पर्याप्त संख्या में गाड़ियां नही भेज रहे हैं। इस कारण उठान की गति संतोष जनक नही है। उठान न होने से खरीदा गया गेहूं सम्बंधित एजेंसियों के स्टोर वेयर हाउस तक नही पहुंच पा रहा है। इस कारण किसानों का भुगतान भी नही हो रहा है। उन्होंने मांग की है कि पर्याप्त गाड़ियों का प्रबन्ध कर उठान की गति में तेजी लाई जाए। हथीन अनाज मंडी में वर्तमान में एक लाख 40 हजार क्विंटल से अधिक गेहूं खुले आसमान के नीचे पड़ा हुआ है। मौसम बिगड़ने पर खरीदा गया गेहूं भीग भी सकता है। इस संबंध में अनाज मंडी के नोडल अधिकारी एवं स्थानीय एसडीएम हरिराम ने बताया कि उठान तेज करने के लिए सम्बन्धित स्टाफ एवं ट्रांसपोर्ट ठेकेदार को निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि लापरवाही हुई तो कड़ा एक्शन लिया जाएगा।




