Rewari News: 8 सितंबर तक मनाया जाएगा राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़ा
जिला भर में 41 वां राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़ा 8 सितंबर तक मनाया जाएगा, जिसका मुख्य उद्देश्य लोगों को मृत्यु के बाद नेत्रदान करने के लिए प्रेरित करना तथा नेत्रदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करते हुए इस अभियान को जन-जन की भागीदारी वाला अभियान बनाना है।
रेवाड़ी। जिला भर में 41 वां राष्ट्रीय नेत्रदान पखवाड़ा 8 सितंबर तक मनाया जाएगा, जिसका मुख्य उद्देश्य लोगों को मृत्यु के बाद नेत्रदान करने के लिए प्रेरित करना तथा नेत्रदान से जुड़ी भ्रांतियों को दूर करते हुए इस अभियान को जन-जन की भागीदारी वाला अभियान बनाना है।

डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि जीते जी लिया गया नेत्रदान का संकल्प मृत्यु के बाद किसी की जिंदगी रोशन कर सकता है। नेत्रदान मानवता की सेवा का ऐसा पुनीत कार्य है, जिसके माध्यम से व्यक्ति दुनिया से विदा होने के बाद भी किसी जरूरतमंद के जीवन में उजाला ला सकता है। उन्होंने अपील की कि नेत्रदान का संकल्प लें और अपने परिवारजनों, मित्रों तथा परिचितों को भी इसके लिए प्रेरित करें।
उन्होंने कहा कि आंखें हमारे लिए प्रकृति का अनमोल उपहार हैं। किसी व्यक्ति की मृत्यु के बाद उसकी आंखें ऐसे व्यक्ति के जीवन में रोशनी ला सकती हैं, जो दृष्टि के अभाव में दुनिया को देखने में असमर्थ है। इसलिए नेत्रदान को केवल दान नहीं, बल्कि किसी की जिंदगी को नई रोशनी देने वाला महादान समझना चाहिए। डीसी ने बताया कि नेत्रदान को लेकर लोगों में कई तरह की भ्रांतियां रहती हैं। जागरूकता अभियान के दौरान इन भ्रांतियों को दूर करते हुए लोगों को सही जानकारी दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि मृत्यु के बाद लगभग 6 से 8 घंटे तक ही नेत्रदान हो सकता हैं। किसी व्यक्ति द्वारा नेत्रदान का संकल्प लिए जाने के बाद उसके परिजनों को इसकी जानकारी होना जरूरी है, ताकि मृत्यु के बाद निर्धारित समय के भीतर संबंधित स्वास्थ्य केंद्र या आई बैंक से संपर्क किया जा सके। नेत्रदान के इच्छुक व्यक्ति अपने जीवनकाल में नेत्रदान का संकल्प ले सकते हैं और अपने परिजनों को भी इसकी जानकारी दे। नेत्रदान के लिए दानदाता और प्राप्तकर्ता से किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाता है।
डीसी ने बताया कि एक व्यक्ति के नेत्रदान से दो दृष्टिहीन व्यक्तियों को दृष्टि मिलने में मदद मिल सकती है। ऐसे में नेत्रदान का महत्व और भी बढ़ जाता है। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति के इस छोटे से संकल्प से दो परिवारों के जीवन में खुशियां लौट सकती हैं। नेत्रदान से संबंधित अधिक जानकारी के लिए नजदीकी जिला सिविल अस्पताल, मेडिकल कॉलेज अथवा आई बैंक से संपर्क किया जा सकता है। हरियाणा में नेत्रदान के लिए 112 तथा राष्ट्रीय हेल्पलाइन नंबर 1800-11-4770 पर संपर्क किया जा सकता है।

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नीलोफर हाशमी, देश रोजाना ऑनलाइन में सीनियर पत्रकार हैं। वे करंट अफेयर्स, ह्यूमन नेचर, सोशल और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरें बनाती हैं। मीडिया में नीलोफर को सालों का अनुभव है।
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