Mewat/Tawdu News: केएमपी पर भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रालियों की नो एंट्री,दोपहिया और आटो भी होंगे बंद : नरेंद्र सहरावत।
हादसों को रोकने के लिए प्रशासन ने उठाया सख्त का कदम,ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रालियां बन रही हादसों का कारण।
कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेसवे पर लगातार हो रहे हादसों को देखते हुए प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को लेकर सख्त कदम उठाया है है। अब केएमपी एक्सप्रेसवे पर भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ-साथ दोपहिया वाहनों और आटो के संचालन पर प्रतिबंध लगाया जाएगा।
तावड़ू: कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेसवे पर लगातार हो रहे हादसों को देखते हुए प्रशासन ने यातायात व्यवस्था को लेकर सख्त कदम उठाया है है। अब केएमपी एक्सप्रेसवे पर भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ-साथ दोपहिया वाहनों और आटो के संचालन पर प्रतिबंध लगाया जाएगा। इसके लिए संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं नवनियुक्त केएमपी ट्रैफिक थाना प्रभारी नरेंद्र सहरावत ने बताया कि क्षेत्र में कई बार भूसे से भरी ट्रैक्टर-ट्रालियां केएमपी पर हादसों का कारण बन चुकी हैं।

ट्रैक्टर-ट्रालियों में क्षमता से अधिक भूसा भरने के कारण पीछे चल रहे वाहन चालकों को आगे का रास्ता स्पष्ट दिखाई नहीं देता। वहीं,तेज रफ्तार वाहनों के बीच धीमी गति से चलने वाली ऐसी ट्रालियां दुर्घटना का खतरा बढ़ा देती हैं। कई बार भूसा सड़क पर गिरने से भी यातायात प्रभावित होता है और हादसे की संभावना भी बढ़ जाती है।
प्रशासन का मानना है कि केएमपी जैसे तेज रफ्तार वाले एक्सप्रेसवे पर दोपहिया वाहन और आटो भी सुरक्षित नहीं हैं। इन पर प्रतिबंध लगाने से दुर्घटनाओं में कमी आएगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने वाहन चालकों से एक्सप्रेसवे के नियमों का पालन करने और निर्धारित मार्ग का ही प्रयोग करने की अपील की है।
इसके साथ ही केएमपी ट्रैफिक थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस अधीक्षक डा. अर्पित जैन के निर्देश पर यह अभियान चलाया जा रहा है,जो आगे भी निरंतर जारी रहेगा। पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार 10 साल पुराने डीजल वाहन और 15 साल पुराने पेट्रोल वाहनों को जप्त करने का अभियान चलाया गया है। बृहस्पतिवार को करीब दो दर्जन से अधिक वाहनों की जांच पड़ताल की गई।




