Yamuna nagar/Sadhaura News: आवारा कुत्तों के आतंक से मुक्ति चाहता है साढ़ौरा ।
साढ़ौरा नगर का कोई भी वार्ड हो या मोहल्ला हो नुक्कड़ हो चौक चौराहा हो आवारा कुत्तों के झूंड इतने हो चुके हैं की अब नगर वासी डर के साय में आवाजाही करते हैं की कहीं आवारा कुत्तों का झुंड उन पर हमला न कर दे । और नगर वासियों के छोटे बच्चे स्कूल , ट्यूशन या बाहर खेल रहे होते हैं अभिभावकों को चिंता रहती है जब तक छोटे बच्चे सकुशल घर ना लोट आए ।
साढ़ौरा: साढ़ौरा नगर का कोई भी वार्ड हो या मोहल्ला हो नुक्कड़ हो चौक चौराहा हो आवारा कुत्तों के झूंड इतने हो चुके हैं की अब नगर वासी डर के साय में आवाजाही करते हैं की कहीं आवारा कुत्तों का झुंड उन पर हमला न कर दे। और नगर वासियों के छोटे बच्चे स्कूल , ट्यूशन या बाहर खेल रहे होते हैं अभिभावकों को चिंता रहती है जब तक छोटे बच्चे सकुशल घर ना लोट आए।
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आप सभी को बता दें अभी 2 दिन पहले वार्ड नंबर 7 में स्थित अनाज मंडी में आवारा कुत्तों के झूंड ने ट्यूशन पढ़ाने जाने वाले बच्चों पर हमला किया बच्चों ने शोर मचाया मौक़े पर अनाज मंडी से गुजर रहे रवि सैनी , पंकज सैनी और आढ़ती इकबाल सिंह ने अपनी सूझबूझ का परिचय देते हुए 15 से 20 आवारा कुत्तों के झुंड से छोटे बच्चों की रक्षा की और उन्हें सकुशल उनके घर पर पहुंचा। बच्चे इतने डर गए थे की अगले दिन ट्यूशन जाने से इतराने लगे थे।
मई 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है इंसानों की सुरक्षा सर्वोपरि है इंसानों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता इसलिए आवारा कुत्तों की नसबंदी की जाए और उन्हें शेल्टर होम मैं रखा जाए और जिस इलाके से उन्हें पकड़ा जाए वापस दोबारा उसे इलाके में ना छोड़ा जाए नसबंदी के बाद भी शेल्टर होम मैं ही रखा जाए।
लेकिन पता नहीं मुझे ऐसा लगता है की जब तक साढ़ौरा नगर में आवारा कुत्तों के द्वारा 15 से 20 बार हमला कर नगर निवासियों को घायल नहीं कर देते तब तक शायद नगर प्रशासन आंख नहीं खुलेगी। इस ग्रुप के माध्यम से समाज हित में मेरा प्रश्न है नगर पालिका प्रशासन से और जो यहां पर जिम्मेवार अधिकारी हैं उनसे भी क्या प्रशासन इन हादसों का इंतजार कर रहा है की कब ऐसे हादसे हो और हम कार्यवाही करें।
अंत में यही कहूंगा हम लोग तो उसे रास्ते से जा रहे थे परमपिता परमात्मा ने उन छोटे बच्चों की रक्षा के लिए हमें माध्यम बनाकर वहां मौके पर भेज दिया और बच्चे आवारा कुत्तों के झुंड से बच गए । लेकिन क्या पता कल हम में से या आप में से कोई मौके पर हो या ना हो। इस समस्या को नगर प्रशासन गंभीरता लेकर समाधान की तरफ बढ़ते हुए नगर वासियों का राहत प्रदान करें।

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