Gurugram News: फील्ड में उतरे डीसी, जलभराव से निपटने की तैयारियों का लिया जायजा
डीसी ने अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के दिए निर्देश
मानसून के मद्देनजर शहर को जलभराव मुक्त रखने के उद्देश्य से जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। डीसी उत्तम सिंह ने रविवार को स्वयं फील्ड में उतर कर शहर के विभिन्न जलभराव संभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया
गुरुग्राम: मानसून के मद्देनजर शहर को जलभराव मुक्त रखने के उद्देश्य से जिला प्रशासन पूरी तरह सक्रिय हो गया है। डीसी उत्तम सिंह ने रविवार को स्वयं फील्ड में उतर कर शहर के विभिन्न जलभराव संभावित क्षेत्रों का निरीक्षण किया और जल निकासी व्यवस्था की तैयारियों का विस्तृत जायजा लिया। इस दौरान उनके साथ वार्ड 22 के भाजपा पार्षद विकास यादव भी रहे। उन्होंने अपने वार्ड में व्यवस्थाओं को लेकर कई सुझाव भी दिए। डीसी ने सुझावों पर अमल कर अधिकारियों को समयबद्ध कार्रवाई के दिए निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित विभागों द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि मानसून शुरू होने से पहले सभी व्यवस्थाएं पूरी तरह दुरुस्त कर ली जाएं, ताकि नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। इस दौरान नगर निगम गुरुग्राम तथा गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) के वरिष्ठ अधिकारी भी उनके साथ मौजूद रहे।

संवेदनशील स्थानों पर पहुंचे डीसी
निरीक्षण के दौरान डीसी ने सुशांत लोक फेज-1 तथा सेक्टर-10ए सहित विभिन्न स्थानों का दौरा किया, जहां पिछले वर्षों में वर्षा के दौरान जलभराव की अधिक समस्या सामने आई थी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इन क्षेत्रों में जलनिकासी तंत्र, पंपिंग स्टेशनों, नालों और ड्रेनेज नेटवर्क की कार्यक्षमता का नियमित परीक्षण किया जाए तथा जहां भी किसी प्रकार की कमी हो, उसे तत्काल दूर किया जाए।

संवेदनशील बिंदुओं की हो विशेष निगरानी
डीसी उत्तम सिंह ने कहा कि प्रशासन की प्राथमिकता है कि इस वर्ष मॉनसून के दौरान शहर के किसी भी हिस्से में जलभराव की स्थिति उत्पन्न न हो। इसके लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी तैयारियां पूरी करें। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी तथा प्रत्येक संवेदनशील बिंदु पर विशेष निगरानी रखी जाएगी, ताकि बारिश के दौरान यातायात, जनजीवन और आवश्यक सेवाएं निर्बाध रूप से संचालित रह सकें।
अतिरिक्त संसाधन तैयार रखें
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जलनिकासी से जुड़े सभी उपकरण, पंपिंग मशीनें और अन्य संसाधन पूरी तरह कार्यशील स्थिति में जिन स्थानों पर आवश्यकता हो वहां अतिरिक्त संसाधनों और कर्मचारियों की तैनाती भी सुनिश्चित की जाए, ताकि वर्षा के दौरान किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मॉनसून के पूरे मौसम के दौरान फील्ड में नियमित निगरानी बनाए रखें, शिकायतों का त्वरित समाधान करें तथा ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित करें कि बारिश के कारण आमजन के दैनिक जीवन पर न्यूनतम प्रभाव पड़े।

About The Author
नीलोफर हाशमी, देश रोजाना ऑनलाइन में सीनियर पत्रकार हैं। वे करंट अफेयर्स, ह्यूमन नेचर, सोशल और पॉलिटिक्स से जुड़ी खबरें बनाती हैं। मीडिया में नीलोफर को सालों का अनुभव है।



